CBI का AI सिस्टम “ABHAY” लॉन्च: अब फर्जी CBI नोटिस और “डिजिटल अरेस्ट” साइबर ठगी की होगी पहचान

GURU CYBER YODHA
0

CBI का AI सिस्टम “ABHAY” लॉन्च: अब फर्जी CBI नोटिस और “डिजिटल अरेस्ट” साइबर ठगी की होगी पहचान

भारत में तेजी से बढ़ रहे “डिजिटल अरेस्ट” साइबर फ्रॉड के मामलों को देखते हुए (CBI) ने 15 मई 2026 को एक नया AI आधारित नोटिस सत्यापन सिस्टम “ABHAY” लॉन्च किया है। इस सिस्टम का उद्देश्य नागरिकों को फर्जी CBI नोटिस, नकली कानूनी दस्तावेज और साइबर अपराधियों द्वारा किए जा रहे डराने-धमकाने वाले फ्रॉड से बचाना है।

क्या है “डिजिटल अरेस्ट” साइबर फ्रॉड?

हाल के समय में साइबर अपराधी खुद को CBI, पुलिस, TRAI, कस्टम, ED या अन्य सरकारी एजेंसियों का अधिकारी बताकर लोगों को वीडियो कॉल करते हैं। इसके बाद वे पीड़ित को बताते हैं कि उसका नाम किसी अपराध, मनी लॉन्ड्रिंग, ड्रग्स पार्सल या बैंक फ्रॉड में आया है।

फ्रॉडस्टर कई बार:

  • नकली CBI या कोर्ट नोटिस भेजते हैं
  • AI Generated आवाज और Deepfake वीडियो का उपयोग करते हैं
  • पीड़ित को “24 घंटे निगरानी” या “डिजिटल अरेस्ट” का डर दिखाते हैं
  • बैंक खाते खाली करवाने या गोपनीय जानकारी लेने का प्रयास करते हैं

CBI ने स्पष्ट किया है कि भारतीय कानून में “Digital Arrest” नाम की कोई कानूनी प्रक्रिया मौजूद नहीं है।

ABHAY सिस्टम क्या है?

ABHAY एक AI Powered Notice Verification System है, जिसे नागरिकों को यह जांचने के लिए बनाया गया है कि उन्हें प्राप्त हुआ CBI नोटिस असली है या फर्जी।

यह सिस्टम AI आधारित चैटबॉट तकनीक का उपयोग करके नोटिस का विश्लेषण करता है और उसकी प्रामाणिकता के बारे में जानकारी देता है।

ABHAY सिस्टम का उपयोग कैसे करें?

यदि आपको कोई संदिग्ध CBI नोटिस प्राप्त होता है, तो आप निम्न प्रक्रिया अपनाकर उसकी जांच कर सकते हैं:

  1. आधिकारिक CBI वेबसाइट पर जाएं
  2. मोबाइल नंबर द्वारा OTP Verification पूरा करें
  3. प्राप्त नोटिस की स्कैन कॉपी अपलोड करें
  4. AI आधारित सिस्टम नोटिस का विश्लेषण करेगा
  5. सिस्टम बताएगा कि नोटिस असली है या संभावित रूप से फर्जी

CBI की नागरिकों को महत्वपूर्ण सलाह

CBI ने लोगों से अपील की है कि:

  • किसी भी डराने वाले वीडियो कॉल या नोटिस से घबराएं नहीं
  • खुद को CBI/पुलिस बताने वाले अज्ञात लोगों पर तुरंत विश्वास न करें
  • किसी भी व्यक्ति को बैंक डिटेल, OTP या पैसे ट्रांसफर न करें
  • संदिग्ध कॉल या नोटिस मिलने पर तुरंत साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत करें
  • परिवार के बुजुर्गों और युवाओं को भी इस प्रकार की ठगी के बारे में जागरूक करें

AI और Deepfake का बढ़ता खतरा

साइबर अपराधी अब AI Tools, Voice Cloning, Deepfake Video और Fake Legal Documents का उपयोग कर लोगों को मानसिक दबाव में लाने का प्रयास कर रहे हैं। कई मामलों में पीड़ितों को घंटों वीडियो कॉल पर रखकर उन्हें “गिरफ्तारी” का डर दिखाया जाता है।

विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले समय में इस प्रकार के AI आधारित साइबर अपराध और अधिक बढ़ सकते हैं। ऐसे में ABHAY जैसे सिस्टम नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण सुरक्षा उपकरण साबित हो सकते हैं।

सख्त कार्रवाई की चेतावनी

CBI ने यह भी कहा है कि साइबर अपराध में सहयोग करने वाले बैंक खातों, SIM कार्ड, टेलीकॉम और अन्य तकनीकी इन्फ्रास्ट्रक्चर का दुरुपयोग करने वाले व्यक्तियों और संस्थाओं के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

“ABHAY” सिस्टम साइबर फ्रॉड के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। यह पहल लोगों को फर्जी नोटिस और “डिजिटल अरेस्ट” जैसे साइबर अपराधों से बचाने में मदद करेगी। नागरिकों को जागरूक रहना, घबराहट में निर्णय न लेना और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत रिपोर्ट करना बेहद आवश्यक है।

Post a Comment

0 Comments
Post a Comment (0)
To Top